आजमगढ़: फूलपुर में लाठी, रॉड और ड्रिल मशीन लेकर दुकान में घुसीं महिलाएं; मारपीट, तोड़फोड़ और चोरी के मामले में 6 गिरफ्तार
फूलपुर (आजमगढ़):थाना फूलपुर पुलिस ने मकान और किराना दुकान में जबरन घुसकर मारपीट, तोड़फोड़ तथा चोरी करने के एक सनसनीखेज मामले में बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने घटना में शामिल छह महिला अभियुक्तों (अभियुक्ताओं) को गिरफ्तार कर लिया है। साथ ही उनकी निशानदेही पर चोरी किया गया किराने की दुकान और मकान का 75 अदद सामान भी बरामद कर लिया है।
बंधक बनाकर की मारपीट और चोरी
प्राप्त जानकारी के अनुसार, सरायमीर थाना क्षेत्र के जफरचक गांव निवासी पीड़िता ने 12 सितंबर 2026 को फूलपुर थाने में लिखित तहरीर दी थी। तहरीर में आरोप लगाया गया था कि विपक्षी महिलाएं एकराय होकर लाठी-डंडा, लोहे की रॉड, हथौड़ा और ड्रिल मशीन जैसे हथियारों से लैस होकर उनकी बहन के मकान और किराना दुकान में जबरन घुस गईं। वहां उन्होंने जमकर मारपीट और तोड़फोड़ की तथा महिला को कमरे में बंधक बनाकर सामान चोरी कर लिया।
गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज
तहरीर के आधार पर पुलिस ने मु.अ.सं. 280/2026 के तहत बीएनएस की विभिन्न सुसंगत धाराओं (जैसे मारपीट, बंधक बनाना, गृह-अतिचार और चोरी) में मुकदमा पंजीकृत किया। विवेचना के दौरान मामले में धारा 317(2) और 61(2) बीएनएस की बढ़ोत्तरी भी की गई।
घेराबंदी कर 6 महिलाएं गिरफ्तार, 75 सामान बरामद
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन में अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत रविवार (13 सितंबर 2026) को पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई की। पुलिस ने दबिश देकर:
- सुषमा प्रजापति और अंजनी मालिन को ब्लॉक फूलपुर के पास से गिरफ्तार किया।
- सुनीता, शांति देवी, इंद्रावती और माधुरी मौर्या को जगदीशपुर से हिरासत में लिया।
गिरफ्तार महिलाओं की निशानदेही पर पुलिस ने चोरी किए गए 75 अदद सामान बरामद कर लिए हैं। पुलिस के अनुसार, मुख्य अभियुक्ता सुषमा प्रजापति के खिलाफ थाना फूलपुर में पहले से भी आपराधिक मुकदमा (मु.अ.सं. 208/2026) दर्ज है।
पुलिस टीम
गिरफ्तारी करने वाली टीम में उपनिरीक्षक दिनेश कुमार त्रिपाठी, उपनिरीक्षक कमालुद्दीन, महिला उपनिरीक्षक रानी साहू, मुख्य आरक्षी राजीव यादव, आरक्षी शुभम सिंह, अमित कुमार यादव, राकेश कुमार सिंह और महिला आरक्षी अंशु गुप्ता, अमृता सिंह, पूनम देवी, आंचल व खुशबू यादव शामिल रहीं। पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई कर उन्हें न्यायालय भेज दिया है।





















































Leave a comment