26वें राष्ट्रीय प्रबंधन सम्मेलन में IMS बिजनेस स्कूल, गाजियाबाद के निदेशक प्रो. डॉ. प्रसून मणि त्रिपाठी ने बतौर वक्ता एवं मॉडरेटर किया प्रतिभाग
देवरिया।देश की राजधानी नई दिल्ली स्थित ले मेरिडियन होटल में आयोजित 26वें राष्ट्रीय प्रबंधन सम्मेलन में देश की प्रतिष्ठित कंपनियों के वरिष्ठ मानव संसाधन नेतृत्वकर्ता, उद्योग विशेषज्ञ एवं प्रबंधन जगत के प्रमुख प्रतिनिधियों ने सहभागिता की। इस वर्ष सम्मेलन का प्रमुख विषय “व्यवसाय की सीमाओं से परे: नेतृत्व, एआई और जनशक्ति” रहा।
इस प्रतिष्ठित राष्ट्रीय मंच पर IMS बिजनेस स्कूल, गाजियाबाद के निदेशक प्रो. डॉ. प्रसून मणि त्रिपाठी ने वक्ता एवं मॉडरेटर के रूप में सहभागिता की और नेतृत्व, कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) तथा जनशक्ति से जुड़े समकालीन मुद्दों पर अपने विचार साझा किए।
देवरिया जनपद से आने वाले प्रो. डॉ. प्रसून मणि त्रिपाठी ने कहा कि आज के तेजी से बदलते कारोबारी परिवेश में व्यवसाय की पारंपरिक सीमाएं तेजी से बदल रही हैं। कृत्रिम बुद्धिमत्ता संगठनों की कार्यक्षमता, नवाचार और निर्णय प्रक्रिया को नई दिशा दे रही है। हालांकि, तकनीकी प्रगति के साथ मानवीय नेतृत्व, रचनात्मकता, भावनात्मक बुद्धिमत्ता और लोगों की सामूहिक क्षमता का महत्व और भी बढ़ गया है।
उन्होंने कहा कि भविष्य का सफल संगठन वही होगा जो AI की शक्ति और मानवीय बुद्धिमत्ता के बीच प्रभावी संतुलन स्थापित कर सके। भविष्य का नेतृत्व केवल तकनीक-केंद्रित नहीं, बल्कि मानव-केंद्रित भी होना आवश्यक है।
सम्मेलन में विभिन्न प्रतिष्ठित कंपनियों के वरिष्ठ मानव संसाधन नेतृत्वकर्ताओं द्वारा भविष्य के कार्यस्थल, कृत्रिम बुद्धिमत्ता के प्रभाव, प्रतिभा प्रबंधन, नेतृत्व विकास तथा मानव संसाधन की बदलती भूमिका जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विचारों का आदान-प्रदान किया गया।
प्रो. डॉ. प्रसून मणि त्रिपाठी की इस महत्वपूर्ण सहभागिता को IMS बिजनेस स्कूल, गाजियाबाद के लिए गौरवपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है। राष्ट्रीय स्तर के इस प्रतिष्ठित मंच पर वक्ता एवं मॉडरेटर के रूप में उनकी उपस्थिति ने संस्थान की अकादमिक एवं कॉर्पोरेट जगत में बढ़ती प्रतिष्ठा को भी रेखांकित किया।




























































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